संवाद
एक लड़की घर
पर टिक टोक
पर वीडियो बना
रही थी तभी
उसकी मम्मी कमरे
में प्रवेश करती
है लड़की अपना
मोबाइल छुपाने का प्रयास
करती है ताकि मम्मी
को न पता
चल सके I लेकिन
मम्मी को पता
चल जाता है
और मम्मी पूछ
लेती है क्या
कर रही हो
बेटा ? लड़की जवाब
देती है मम्मी
टिक टोक पर
वीडियो बना रही
हूँ I ये टिक टोक
क्या होता है
बेटा ?? मम्मी ये एक
मोबाइल एप्लीकेशन है जिस
पर हम अपने
वीडियो बना सकते
हैं और लोगों
के साथ शेयर
कर सकते हैं
I
मम्मी फिर प्रश्न
पूछती हैं ऐसा करने
से क्या होता
हैं ? मम्मी पूजा
पाठ करने वाली
और घरेलु महिला
थी नयी
दुनिया के तौर
तरीकों से थोड़ी
अनजान थी इसलिए
अपनी बेटी से
इस तरह के
सवाल पूछ रही
थी I
लड़की ने उत्तर
दिया मम्मी जिन
लोगों को वीडियो
पसंद आता हैं
वो हमें फॉलो
करते हैं हमारे
वीडियो को लाइक
करते हैं शेयर
करते हैं और
कमेंट करते हैं
I मम्मी
आपको पता नहीं
हैं मेरे टिक
टोक पर पाँच
लाख से ज्यादा
फॉलोवर्स हैं I बेटा ये
फॉलोवर्स क्या होते
हैं ? मम्मी आपको
तो कुछ भी
नहीं पता ! नहीं
पता तभी तो
पूछ रहीं हो
बेटा ! अब सारे
जिंदगी तो तुम्हे
पालने और तुम्हारी
ख़्वाहिशें पूरी करने
में बिता दी । अच्छा
मम्मी अब ज़्यादा
इमोशनल मत होना । फॉलोवर्स का मतलब
हैं जो लोग
आपके वीडियो का
इंतज़ार करते हैं
मतलब आपके फैन
हैं । जो
आपसे प्यार करते
हैं I आपके बारे
में जानना चाहते
हैं ।
बेटा एक बात
बोलूँ ! बोलू मम्मी
! तुमने महात्मा बुद्ध के
बारे में
सुना हैं ? हाँ
मम्मी सुना तो
हैं बहुत बड़े
महात्मा थे ।
और क्या जानती
हो ? और ज़्यादा
कुछ नहीं !
बेटा महात्मा के साथ
साथ एक महान
आत्मा भी थे । जितना हम कभी
जोड़ भी नहीं
पाएँगे उतना छोड़
दिया था उन्होंने ! बेटा तुम
इंटरनेट के ज़माने
में पाँच लाख
फॉलोवर्स लेकर अभिमान
से फूली नहीं
समा रही हो ।
कई लाखों फॉलोवर्स तो
उनके तब थे
जब लोग सिर्फ
मुँह से संवाद
किया करते थे । इंटरनेट
जैसी कोई सुविधा
नहीं थी । आज के
नए युग में
पूरी दुनिया उन्हें
जानती हैं और
पूरी विश्व में
कुल मिला उनके
470 मिलियन फॉलोवर्स से भी
ज्यादा हैं जबकि
उन्हें दुनिया छोड़े हुए
ज़माने हो चुके
हैं ।
बेटा मुझे नहीं
पता की मेरे
बातें तुम्हे लेक्चर
लग रहीं हैं
या ज्ञान ? लेकिन
सत्य ये ही है
बेटा !
आपकी उम्र
अभी अपने फॉलोवर्स
बढ़ाने की नहीं
हैं बल्कि उन सभी
महान लोगों को
फॉलो करने की
है जिन्होंने त्याग
और बलिदान की
बल पर देश
को महान बनाया
और खुद भी
इतनी उपलब्धियाँ हासिल
की जिनकी व्याख्या
शब्दों में नहीं
की जा सकती
है ।
मम्मी बात तो
सही कह रहीं
हो सारा दिन
इसमें लगी रहती
हूँ समय
भी ख़राब होता
हैं और पढाई
का स्तर भी
बहुत गिरता जा
रहा है ।
बुद्धू बन
कर जीने से
अच्छा है बुद्ध
बन कर जिया
जाएँ ।
काश
ये बातें हमने
पहले कर ली
होती मम्मी !
सुना
था माँ जननी
होती है आज
पता चला माँ
ज्ञान की देवी
भी है ।
Very nice 😊😇
ReplyDeleteExcellent Story to teach today's generation. God bless you, stay continue writing.
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